रुड़की (आयुष गुप्ता)
रविवार को राज्यमंत्री देशराज कर्णवाल को जब पता चला कि झबरेड़ा में बाबा साहेब डाॅ. भीमराव अम्बेडकर की मूर्ति का लोकार्पण होने जा रहा है। यह सूचना मिलते ही वह अपनी धर्मपत्नी वैजयन्ती माला के साथ मौके पर पहुंचे और उन्होंनेलोकार्पण से पहले ही बाबा साहेब की मूर्ति पर फूलमाला पहनाई तथा उनकी शान में नारे लगाये। उन्होंने कहा कि जब वह झबरेडा सीट से विधायक थे, तब उन्होंने मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी को एक लिखित प्रस्ताव यहां मूर्ति स्थापित कराने के लिए दिया था। उसी के आधार पर आज यहां बाबा साहेब की मूर्ति लगाई गई। उन्होंने कहा कि बाबा साहेब सभी के हैं। यहां सबको बुलाना चाहिए था। मुझे भी निमंत्रण नही दिया गया, जो उनकी छोटी मानसिकता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि केंद्र व राज्य की भाजपा सरकार तेजी के साथ विकास कार्यों को आगे बढा रही है और महापुरूषों को सबसे अधिक सम्मान इसी सरकार में मिला है। उनके समर्थकों ने भी बाबा साहेब के सम्मान में जोरदार नारेबाजी की। मीडिया से बातचीत के दौरान राज्यमंत्री देशराज कर्णवाल बुलावा न मिलने के कारण नाराज नजर आये। वहीं वैजयंती माला ने भी कहा कि बाबा साहेब ने सबको बराबरी का हक दिया तथा कहा कि 14 अपै्रल को बाबा साहेब का 135वां जन्मदिन बडी धूमधाम के साथ मनाया जायेगा। वहीं दूसरी ओर आजाद समाज पार्टी के नेता महक सिंह ने कहा कि यहां मूर्ति छोटी लगाई गई है। नगर पंचायत यदि मुझे अनुमति दे, तो एक घंटे में बाबा साहेब की बडी मूर्ति लगवा दूंगा। कई मुद्दों पर उन्होंने स्थानीय विधायक को घेरा। बताया गया है कि यह चैक अब संविधान चैक के नाम से जाना जायेगा। हालांकि बाद में महक सिंह ने विधायक के साथ बाबा साहेब को माला पहनाई और एक-दूसरे का मुंह मीठा किया।

