मंगलौर (आयुष गुप्ता)
चारधाम यात्रा शुरू होते ही उत्तराखण्ड देवभूमि के प्रवेश द्वार नारसन बाॅर्डर पर वाहनों के ग्रीन कार्ड बनाने की प्रक्रिया तेज हो गई है। दूसरे राज्यों से आने वाले श्रद्धालु बड़ी संख्या में यहां पहंुचकर अपनी गाडियों के रजिस्ट्रेशन करा रहे है।
विगति 18 अप्रेल से चारधाम यात्रा आरंभ हो चुकी है, जिसके बाद देशभर से श्रद्धालुओं का उत्तराखण्ड पहंुचना लगातार जारी है। यात्रा को सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए सरकार और प्रशासन ने सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली है। इसी के तहत उत्तराखण्ड देवभूमि के प्रवेश द्वार कहे जाने वाले नारसन बाॅर्डर पर ग्रीन कार्ड बनाने की सुविधा शुरू कर दी गई है। श्रद्धालुओं की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए यहां स्मार्ट विश्राम गृह, यात्री शेड़, मैडिकल सुविधा, चालकों के लिए शौचालय, गर्मी से राहत हेतू वाटर कूलर और पंखों की व्यवस्था की गई है। यात्रा के पहले दिन करीब 60 रजिस्ट्रेशन किए गए थे, जबकि वर्तमान में प्रतिदिन 80 से 90 रजिस्ट्रेशन हो रहे हैं। आज शाम तक लगभग 500 ग्रीन कार्ड बनाए जा चुके हैं। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले दिनों में वाहनों की संख्या बढ़ने के साथ यह आंकड़ा और बढ़ सकता है। भीड़ को देखते हुए विभाग की ओर से तीन ग्रीन कार्ड काउंटर संचालित किए गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर काउंटरों की संख्या और बढ़ाई जा सकती है। आरटीओ प्रशासन जितेंद्र चंद्र और कृष्ण किशोर बृजवाल लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहे हैं। कृष्ण किशोर बृजवाल ने श्रद्धालुओं से अपील की कि सभी यात्री प्रति व्यक्ति अपना आॅनलाइन रजिस्ट्रेशन पहले से करा लें तथा कमर्शियल वाहन चालक उत्तराखंड बाॅर्डर पर ही ग्रीन कार्ड बनवाएं। साथ ही उन्होंने कहा कि ग्रीन कार्ड बनवाने के नाम पर सक्रिय फर्जी लोगों से सावधान रहें और किसी भी जानकारी के लिए केवल विभागीय अधिकारियों से ही संपर्क करें।

